लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने गढ़वाल मंडल में मचाई तबाही, नदी-नाले उफान पर आए
बेबाक दुनिया ब्यूरो
देहरादून। बृहस्पतिवार को आधी रात में टिहरी जिले के भिलंगना ब्लॉक के बुढ़ाकेदार क्षेत्र के गेंवाली गांव के अखल्याण गदेरा में बादल फटने से अफरातफरी मच गई। शुक्र है कि मूसलाधार बारिश के दौरान ग्रामीण सजग थे, जिससे जनहानि नहीं हुई।







लेकिन, आपदा से कृषि भूमि, सिंचाई की नहरों, सरकारी पेयजल योजनाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। हाईस्कूल गेंवाली का भवन आपदा की भेंट चढ़ गया। पीछे से स्कूल भवन के अंदर भारी मात्रा में मलबा और बोल्डर गिरने से पूरी तरीके से क्षतिग्रस्त हो गया है। बादल फटने की सूचना पर राजस्व विभाग, एसडीआरएफ और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और आपदा से हुए नुकसान का जायजा लिया।
चश्मदीद के मुताबिक, बृहस्पतिवार रात एक बजे बादल फटने से कई घरों और गौशालाओं को काफी नुकसान हुआ है। उधर, टिहरी जिले के भिलंगना ब्लॉक क्षेत्र में दैवी आपदा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। 26 जुलाई से अतिवृष्टि और बादल फटने का जो सिलसिला शुरू हुआ है, वह आज तक यूं ही बदस्तूर जारी है, जिससे क्षेत्र की जनता में भय का वातावरण व्याप्त है।
चमोली : पिंडर नदी के उफान से मंदिर बहा, दो दर्जन घरों में घुसा पानी
बृहस्पतिवार रात को हुई मूसलाधार बारिश थराली में आफत बनकर बरसी। यहां पहले प्राणमति नदी उफान पर आई। इसके बाद पिंडर नदी में संगम के पीछे झील बनने लगी। प्रशासन ने सतर्कता बरतते हुए घरों को खाली करा दिया। इस दौरान नदी किनारे के 25 से अधिक घरों में दो मंजिल तक पानी पहुंच गया। पौराणिक शिव मंदिर भी बह गया। बेतालेश्वर मंदिर और सरस्वती शिशु मंदिर में पानी और मलबा घुस गया।
ग्रामीणों ने रात जागकर काटी
रातभर पुलिस-प्रशासन के अफसरान और कर्मचारी अलर्ट मोड पर रहे, जबकि प्राणमति और पिंडर नदी के किनारे रहने वाले लोगों ने रात जागकर काटी। उधर, देवाल के बगड़ीगाड़ में भी बादल फटने से एक पुल बह गया, जबकि कुछ घरों में मलबा घुसने से काफी नुकसान हुआ। वहीं, देवाल-थराली सड़क नंदकेशरी के पास पालेभ्योल में मलबा आने से बंद हो गई है।
पगनो गांव में घरों में घुसा मलबा, ग्रामीणों का पलायन
बृहस्पतिवार की रात भारी और मूसलाधार बारिश के चलते पगनो गांव में भारी नुकसान हुआ। लोगों के घरों में मलबा घुस गया, जिससे गृहस्थी का सामान जहां बर्बाद हो गई, वहीं आशियाना भी दूसरी जगह बनाना पड़ा। तीन मकानों को भारी नुकसान हुआ है। ग्रामीण सुरक्षित स्थानों पर अपने सामानों को ले जा रहे है। ग्राम प्रधान रीमा देवी ने बताया, गांव में मलबा आने से भारी नुकसान हुआ है।
![]()

More Stories
ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग बाबा केदार के कपाट खुले
गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट अक्षय तृतीया पर खुले
दून-सहारनपुर-मोहण्ड @ टनल रेल लाइन की गुजारिश