यूपी के मेरठ की ईहा दीक्षित ने विश्व के बाल पर्यावरणविद्वों की सूची में टाॅप रैंकिंग हासिल कर प्रथम पुरस्कार भी जीता
बेबाक दुनिया डेस्क
नई दिल्ली। बुधवार को संयुक्त राज्य अमेरिका में एक्शन फाॅर नेचर की ओर से इंटरनेशनल यंग इको हीरो अचीवर्ड अवार्ड 2023 की घोषणा की गई है। यूपी के मेरठ की ईहा दीक्षित ने विश्व के बाल पर्यावरणविद्वों की सूची में टाॅप कर प्रथम पुरस्कार भी जीता।
अवार्ड के लिए विश्व के 17 प्रतिभागियों समेत देश के पांच प्रतिभागी विजेता बने हैं। पर्यावरण समस्या के समाधान में योगदान देने वाले दुनियाभर के बच्चों को सैन फ्रांसिसको स्थित एक्शन फाॅर नेचर की ओर से प्रति वर्ष पुरस्कार दिया जाता है। इस साल 17 बच्चों को पुरस्कार दिया गया, जिसमें यूपी के मेरठ के जागृति विहार की ईहा दीक्षित ने प्रथम पुरस्कार हासिल किया है। ईहा को 8 से 12 वर्ष आयु वर्ग में पुरस्कार मिला।


सबसे कम उम्र में प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित ईहा ने साढे़ चार वर्ष की उम्र में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का कार्य शुरू किया था। साढे़ पांच वर्ष की आयु में ग्रीन ईहा स्माइल फाउंडेशन की स्थापना की थी। वह 275 सप्ताह से हर रविवार पौधरोपण कर रही है। वह अब तक देश के कई शहरों में 20 हजार से ज्यादा पौधे रोप चुकी है।


उनके द्वारा लगाए गए पौधे अब पेड़ बन चुके हैं। हाल ही में आवास विकास परिषद के सहयोग से भी वह ग्रीन बेल्ट में वृहद पौधरोपण कर रही हैं। ईहा के पर्यावरण प्रेम से ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उसे अपना नन्हा दोस्त मानते हैं। ईहा प्रधानमंत्री द्वारा बताई गई मटका विधि से पौधरोपण करती है। इस विधि से पौधरोपण करने पर सिंचाई में इस्तेमाल होने वाला जल 80 प्रतिशत तक कम हो जाता है और पौधों की वृद्वि दर भी 20 प्रतिशत अधिक होती है।ईहा पर्यावरण को संरक्षित करने के लिए प्लांट, सीड बैंक भी चलाती हैं। उन्होंने बीआईएमटी काॅलेज में ईहा औषधीय वाटिका की स्थापना की है, जहां से निशुल्क औषधीय पौधे लोगों को दिए जाते हैं। ईहा ने बड़ी संख्या में सीड बाॅल भी तैयार किए हैं।ईहा ने बताया, पुरस्कार के लिए उन्हें कड़ी प्रतिस्पर्धा से गुजरना पड़ा। उनके द्वारा किए गए सभी कार्यों का सत्यापन होने के बाद इंटरव्यू के लिए शार्ट लिस्ट किया गया था। 55 मिनट इंटरव्यू चला था। विश्वास था कि अवार्ड लिस्ट में उनका नाम होगा, लेकिन वर्ल्ड रैंक में प्रथम स्थान पर आना ईश्वर, परिजनों, शिक्षकों के आशीर्वाद का परिणाम है। कहा, किसी भी काम को करने के लिए उम्र मायने नहीं रखती। वह पर्यावरण को संरक्षित करने को अंतिम सांस तक पौधे लगाने और उनके संवर्धन के लिए कार्य करना चाहती हैं।


मिल चुके हैं कई सम्मान
ईहा को पहले कई राष्ट्रीय और अंतरष्ट्रीय सम्मान मिल चुके हैं। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार के अलावा केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय की ओर से वाॅटर हीरो पुरस्कार भी प्रदान किया गया है। वह संयुक्त राष्ट्र के द्वारा आयोजित विश्व एशिया शांति सम्मेलन में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। ईहा के कार्यों की पीएम नरेंद्र मोदी, पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और राष्ट्रपति द्रोपद्री मुर्मु समेत बाॅलीवुड की हस्तियां सराहना कर चुके हैं।


ये भी उपलब्धि
ईहा की उपलब्धियों को सीबीएसई के कई स्कूलों में कक्षा सात में पढ़ाया जाता है। वह अभी कक्षा छह की छात्रा है, जबकि कक्षा सात के छात्र-छात्राओं को उसके बारे में पढ़ाया जाता है। ईहा 2019 में प्रधानमंत्री मोदी के मन की बात कार्यक्रम और फिल्म अभिनेता पंकज त्रिपाठी के साथ भी टाटा टी जागो रे अभियान का प्रोमो कर चुकी हैं।

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